बृहद्विमानशास्त्रम् / वैमानिक शास्त्र (महर्षि भरद्वाज - पं. ब्रह्ममुनि परिव्राजक सविस्तार हिन्दी व्याख्या)
Brihad Viman Shastra / Vaimanika Shastra of Maharshi Bharadvaja
महर्षि भरद्वाज (टीकाकार: पं. ब्रह्ममुनि परिव्राजक) द्वारा
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संदर्भ में पढ़ें७२ ] [ बृहद् विमानशास्त्र
तदुक्तं क्रियासारे—वह क्रियासारग्रन्थ में कहा है—
विमानस्योर्ध्वगमनमुद्गमा शक्तिस्स्मृता ।
अधस्ताद्गमनं तस्य पञ्जराशक्तितो भवेत् ॥ ५ ॥
अ्रर्का शूष्णापहारी स्याद् घृष्टिशक्त्यपकर्षिणी ।
परशक्त्यपकर्षण्या सर्वशक्तिविरोघनम् ॥ ६ ॥
विद्युद्द्वादशकाद् यानविचित्रगमनं स्मृतम् ।
मूलशक्त्या सर्वशक्तिचलनाद्या प्रकीर्तिता ॥ ७ ॥
सप्तशक्तिक्रिया एवमुक्त्वा यानस्य शास्त्रतः ॥ ८ ॥
अथ विद्युद्द्वादशकविचारः क्रियतं क्रमात् ।
विमान का ऊपर जाना उद्गमा शक्ति से कहा, उसका नीचे गमन पञ्जरा शक्ति से, घर्षणा-
शक्त्यपकर्षिणी-सूर्यशक्त्यपकर्षिणी सूर्यकिरणों की उष्णता को हटानेवाली, परशक्त्यपकर्षिणी से सब
शक्तियों को रोक देना होता है, विद्युद्द्वादशक शक्ति से विमान का विचित्रगमन कहा, मूलशक्ति से
सब शक्तियों का दूर हो जाना आदि, इस प्रकार विमान की ७ शक्तियों की क्रियाएं शास्त्र से
कहकर—॥ ५-८ ॥
तदुक्तं सौदामिनीकलायाम्—वह कहा है सौदामिनीकला पुस्तक में—
विमानगतिवैचित्र्यभेदा द्वादश स्मृताः ।
तत्क्रियाकरणे विद्युच्छक्तयस्तावदेव हि ॥ ६ ॥
तासां नामानि यानस्य गतिभेदान्यपि क्रमात् ।
समुच्चयान्निरूप्यन्ते सप्रहेणात्र शास्त्रतः ॥ १० ॥
चलना कम्पनाथोर्ध्वा अधरा मण्डला तथा ।
वेगिनी अनुलोमा च तिर्यञ्ची च पराङ्मुखी ॥ ११ ॥
विलोमा स्तम्भना चित्रा चेति द्वादशशक्तयः ।
विमानचालनं विद्युच्चलनाशक्तितस्स्मृतम् ॥ १२ ॥
तत्कम्पन विशेषेण कम्पनाशक्तितो भवेत् ।
विमानस्योर्ध्वगमनमूर्ध्वासञ्चोदनाद् भवेत् ॥ १३ ॥
यानाधोगमनं विद्यादधराशक्तितः क्रमात् ।
विमानमण्डलगनिमण्डलाशक्तितस्स्मृता (त ?) ॥१४॥
विमान की विचित्र गति के १२ भेद कहे हैं उन विचित्र गतियों में क्रिया करने के निमित्त
उतनी ही अर्थात् १२ विद्युत् शक्तियां है। उन विद्युत् शक्तियो और विमान के गति के भेदों के नाम
क्रम से एकत्र रूप में संक्षेप से यहां शास्त्र से निरूपित किए जाते हैं। चलना, कम्पना, ऊर्ध्वा, अधरा,
मण्डला, वेगिनी, अनुलोमा, तिर्यञ्ची, पराङ्मुखी, विलोमा, स्तम्भना, चित्रा ये विद्युत् शक्तियां हैं।
विमान का चालन तो चलना विद्युत्शक्ति से कहा, उसका कम्पनविशेष कम्पना विद्युत् शक्ति से होता है,