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सर्वकोश
दुर्गा सप्तशती / देवी माहात्म्यम् (पारिजात सौरभ सविस्तार हिन्दी व्याख्या सहित)

दुर्गा सप्तशती / देवी माहात्म्यम् (पारिजात सौरभ सविस्तार हिन्दी व्याख्या सहित)

Durga Saptashati / Devi Mahatmyam with Commentary

महर्षि वेदव्यास / मार्कण्डेय पुराण द्वारा

DevanagariHindipublished156 पृष्ठ

पृष्ठ 103, कुल 156 में से

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पृष्ठ 103

/loop at the TOP! That is ALSO a ९!
Wait, so in line 9 it is: भाग० ७/९ २३-२३ (or २३-२४? Wait, could it be 23-23? Yes, 23-23).
And in line 23 it is: ऋग्वेद मं० १ सूक्त ९/१! (A typo in the book for 90/6 or similar).

Wait, let's double check line 23:
Is it सूक्त ९/१?
Yes, ९/१!

Let's double check every single line carefully:

Line 1:
७६ ] श्री दुर्गा सप्तशती पारिजात सौरभ

Line 2:
का क्या प्रश्न है ? भक्त प्रवर प्रह्लाद ने नृसिंह भगवान की

Line 3:
स्तुति में अपने पिता जी के अभिमान को दर्शाया-

Line 4:
दृष्टामया दिवि विभोऽखिल धिष्ण्यवाना पमायुः श्रियो
Wait, is there a space between धिष्ण्यवाना and पमायुः?
Yes, "धिष्ण्यवाना पमायुः".

Line 5:
विभव इच्छति याञ्जनोऽयम् । येऽस्मत्पितु कुपितहास विजृम्भित
Wait, "याञ्जनोऽ