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विविध तीर्थ कल्प (आचार्य जिनप्रभ सूरि - प्राचीन भारतीय तीर्थ, ऐतिहासिक भूगोल व पुराविहार)

विविध तीर्थ कल्प (आचार्य जिनप्रभ सूरि - प्राचीन भारतीय तीर्थ, ऐतिहासिक भूगोल व पुराविहार)

Vividha Tirtha Kalpa of Jinaprabha Suri

आचार्य जिनप्रभ सूरि (सम्पादक: मुनि जिनविजय) द्वारा

DevanagariSanskritpublished442 पृष्ठ

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विशेष नामसूची ३३९
मथुरा सघ ३६ महनिका ११४
मथुरा तीर्थ ४३, २१७ महणिया (भेद) १२९
मदन (ठवकर) २१६ महण देवी १८०
मदन वाराणसी १६८ महणसिंह ३६
मनक मुनि १४८ महम्मद (सुलतान, वादशाह)
मधुमती (नगरी) ६ २१४,२१५,१०३,१०५
मम्माण शैल ६ महम्मद हमीर सुलतान २४८
मयण रेहा ७२ महसेन वन ५६,७७,१७१,१००
मदनावली ९८ महाकाल १९४
महाराष्ट्र (जनपद) १०६,११७, महागिरि (सूरि) ७२,११२,१५६
१३० महास्थल ४१
मरुदेव (पर्वत) १ महानगरी १९२
मरुदेवी (रानी) २,३,७,१९२ महानिशीथ सूत्र ४३,९१
मरुदेवी प्रासाद २१ महापद्म ६१,९४,९८,२१२
मरुमण्डल ६२ महावल ९४
मलधारी गच्छ १७५ १७७ महाबाहु ९४
मलयगिरि पर्वत १९३,१९४ महाभारत ८७
मलिक ताजदीन १०८ महालक्ष्मीदेवी १४०,१४१,१९३
मलिक काफूर १०४ महालक्ष्मी भवन १४०
मल्ल देव १०५ महाराय (साहु) २१६
मल्ल ९४ महावन ४१
मल्ल १७६ महावीर १,५,७,४०,४१,४७,
मल्ल (ई) ९५ ५०,५१,६६,७१,५२,७२,७६,
मल्लवादी २१८ १००,१०१,१०२,१०३,१०४,
मल्लिजिन ६०,६१,७१,७२, १०५,१०६,१४७,१५५,१६५,
१७८,१७९,१९४, २१७,२२६
२१२ २२५ महावीर गणधर कल्प १६१