विविध तीर्थ कल्प (आचार्य जिनप्रभ सूरि - प्राचीन भारतीय तीर्थ, ऐतिहासिक भूगोल व पुराविहार)

विविध तीर्थ कल्प (आचार्य जिनप्रभ सूरि - प्राचीन भारतीय तीर्थ, ऐतिहासिक भूगोल व पुराविहार)
Vividha Tirtha Kalpa of Jinaprabha Suri
आचार्य जिनप्रभ सूरि (सम्पादक: मुनि जिनविजय) द्वारा
DevanagariSanskritpublished442 पृष्ठ
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३३० विविध तीर्थ-कल्प
जनकसुता ७३
जन्हू २०८
जमाली १६०
जयघोष १६२
जयतिहुअणस्त० २१, २३९
जय (राजर्षि) २
जयसिंह देव (चालुक्य) २०
जयसिंह देव (मालवेश्वर) १३०
जयसिंह (वणिक्) १५०, १५१
जयसिंहाचार्य १५१
जयादेवी २३
जयंत ९४
जयंती १७०
जरासंध २४, ५१, ११६
जसदेवी ९०
जसवती ११२
जाजा (श्रेष्ठी) १७६
ज्वालादेवी ९८
जावड (सेठ) ३, ६, ७, ९
जाह्नवी गंगा २१२
जाम्बवती १५
जिनदास ४२
जिनदेवसूरि २०५, २१५
जिनधर्म (श्रावक) ४५
जिनप्रभसूरि ९