विवाह विज्ञान और कामशास्त्र (दाम्पत्य मनोविज्ञान, शारीरिक-मानसिक सामंजस्य एवं सम्पूर्ण विवाह विज्ञान)
Vivah Vigyan Aur Kam Shastra: Dampatya Manovigyan evam Vaidik Vivaha
विवाह विज्ञान शोध पीठ द्वारा
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होते हैं। ऐसी रोगी स्त्रियों की माताएं जब मेरे पास रोगी को
लेकर आती हैं तो मैं उन स्त्रियों से पति का भी हाल पूछती हूं।
मैने स्त्रियो और पुरुषो दोनो के रोगों की परीक्षा का आयुर्वेद के
अनुसार एक फार्म तैय्यार किया है। वह फार्म हर एक स्त्री के
पति से भराया करती हू क्योकि जो रोग पति के कारण स्त्री
को होते हैं उनका, विना पति का पूरा हाल मालूम किये, ठीक
इलाज नही होसकता ।
सन्तानहीन स्त्रियों का शर्तिया इलाज
सन्तानहीन स्त्रियों का शर्तिया इलाज विना पति का पूरा
हाल मालूम किये नही होसकता क्योकिं:—मान लीजिये किसी
के पति को गरमी या सुजाक है। उसी से स्त्री को भी गरमी सुजाक
होगया है, तो स्त्री का इलाज करके मै स्त्री को आराम कर दूंगी
परन्तु यह रोग स्त्री को पति से मिला है और पति के वह रोग
मौजूद है। उस के समागम से स्त्री को फिर रोग होजावेगा
और रोगी के घर वाले और रोगी स्त्री कहेगी कि कैसा इलाज
किया कि रोग फिर से होगया।
अथवा किसी का पति नपुंसक है। जिससे वह प्रसंग
ठीक नही कर सकता। पति तो किसी योग्य नहीं है, गर्भ
कैसे रहेगा ? पति की नपुंसकता के कारण स्त्री को अनेक रोग
उत्पन्न होजाते हैं, स्त्री के उन रोगो को मैं दूर तो कर दूंगी
परन्तु वह थोड़े ही दिनों मे फिर से होजावेगे। कई रोग ऐसे भी