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सर्वकोश
त्रिशतिका: पाटीगणितसार (श्रीधराचार्य - पं. सुद्युम्नाचार्य सविस्तार हिन्दी व्याख्या)

त्रिशतिका: पाटीगणितसार (श्रीधराचार्य - पं. सुद्युम्नाचार्य सविस्तार हिन्दी व्याख्या)

Trishatika / Patiganitasara of Sridharacharya with Hindi Commentary

श्रीधराचार्य (टीकाकार: पं. सुद्युम्नाचार्य) द्वारा

DevanagariHindipublished208 पृष्ठ

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पृष्ठ 125

त्रिशतिका 97
न्यासः 9 1
7/1 1/2 मिश्रधनम् 7/2 लब्धं मुद्गानां मूल्यं पणः 0
1 2
काकिण्यः 3। वराटकाः 8। वराटकभागाश्च 4/37। तण्डुलानां पणौ 2।
काकिण्यौ 2। वराटकाः 11। वराटकभागाः 33/37। मुद्गानां कुडवः 0।
कुडवभागाः 49/74। तण्डुलानां कुडवः 1। कुडवभागाः 12/37 । इति मिश्रव्यवहारः।
सुक्षेमा अनुवाद-9 पण से 7 कुडव मूँग तथा 1 पण से 1/2 कुडव चावल
प्राप्त होता है। अतः हे वणिक्! मेरे 3½ अर्थात् 7/2 पण लेकर मूँग का 1/2 तथा
तण्डुल 1 भाग शीघ्र प्रदान करो।
अनुशीलन-यहाँ प्रश्नानुसार पण्य अथवा मात्रा 7 तथा 1/2 कुडव का क्रमशः