तरुण के स्वप्न (नेताजी सुभाष चन्द्र बोस - युवा भारत के नाम क्रान्तिकारी वैचारिक घोषणा-पत्र)

तरुण के स्वप्न (नेताजी सुभाष चन्द्र बोस - युवा भारत के नाम क्रान्तिकारी वैचारिक घोषणा-पत्र)
Tarun Ke Swapna by Netaji Subhash Chandra Bose
नेताजी सुभाष चन्द्र बोस द्वारा
DevanagariHindipublished174 पृष्ठ
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निवेदन
करूं। चिकित्सकोंकी अनुमति मिलेगी या नहीं, नहीं
जानता, यदि अनुमति मिल गयी तो कलकत्ता आकर
अपना कर्तव्य पालन करूंगा। कौंसिलकी बैठकमे उपस्थित
हो सकूंगा इस आशासे प्रस्ताव और कुछ प्रश्न तैयार कर
लिये हैं। किन्तु यदि अनुमति न मिली तो जितना जल्द
हो सके आरोग्यलाभ कर जन सेवाकेलिये कर्मक्षेत्रमें आ
जाऊं, इसकी पूर्ण चेष्टा करूंगा। इस समय चारों तरफ
नव जागरणके लक्षण दिखलाई पड़ रहे हैं। राष्ट्रीय जीवन
क्षेत्रमे जो बाढ़ आनेवाली उसका आभास मेरे मनको मिल
गया है, अब यही चाहता हूं कि ठीक समयपर उसके लिये
शरीर और मनसे प्रस्तुत रहूं।
किमधिकम्। मेरी श्रद्धाञ्जलि ग्रहण कीजियेगा।
इति—