ताण्ड्य महाब्राह्मण / पञ्चविंश ब्राह्मण (सायण भाष्य एवं चिन्नस्वामी शास्त्री टीका सहित)

ताण्ड्य महाब्राह्मण / पञ्चविंश ब्राह्मण (सायण भाष्य एवं चिन्नस्वामी शास्त्री टीका सहित)
Tandya Mahabrahmana with Sayanacharya Commentary
महर्षि ताण्डि (भाष्यकार: श्रीमत् सायणचार्य) द्वारा
DevanagariSanskritpublished518 पृष्ठ
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closing quote.
- इति : yes.
- । : danda.
- सव्यावृतः : yes.
- सव्येन : yes.
- पार्श्वेनावर्त्तमानाः : double त (र्त्त).
- । : danda.
- पाठस्तु- : yes, with hyphen.
Line 9:
ऋतस्य सदने सीदामि ॥ २ ॥
- bold / larger centered:
ऋतस्य सदने सीदामि ॥ २ ॥
Line 10:
‘ऋतस्य’ सोमस्य अवश्यं फलसाधनात्वात्सोमः सत्यः, सत्य-
- ‘ऋतस्य’ : yes.
- सोमस्य : yes.
- अवश्यं : yes.
- फलसाधनात्वात्सोमः : wait, is it फलसाधनात्वात् or फलसाधनत्वात्?
Let's check line 10 carefully:
फलसाधनात्वात् or फलसाधनत्वात्?
फ-ल-सा-ध-ना-त्वा-त्: yes, there is an aa-kāra on ध: ध is followed by ना, so फलसाधनात्वात्सोमः.
Wait, let's look at the letter between ध and त्वा:
It's 'ना'! फलसाधनात्वात्सोमः. - सत्यः, : satyaḥ with a comma! Yes, comma is visible: सत्यः,
- सत्य- : hyphen at end.
Line