श्री हनुमान चालीसा, संकटमोचन हनुमानाष्टक एवं बजरंग बाण (महावीरी सविस्तार हिन्दी व्याख्या सहित)

श्री हनुमान चालीसा, संकटमोचन हनुमानाष्टक एवं बजरंग बाण (महावीरी सविस्तार हिन्दी व्याख्या सहित)
Shri Hanuman Chalisa with Mahaviri Commentary
गोस्वामी तुलसीदास (व्याख्याकार: स्वामी रामचन्द्रदास 'महावीर') द्वारा
DevanagariHindipublished110 पृष्ठ
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चौ. ८: प्रभु-चरित्र सुनिबे को रसिया महावीरी व्याख्या
रामायण-श्रवण-संजात-रोमांच-लोचन-सजल-शिथिल-वाणी (वि.प.
२९-५)। श्रीराम-कथाके निमित्त ही जिन्होंने साकेतके सुखको ठुकराकर
धराधामपर विचरण करते हुए राम-कथा-श्रवणार्थ अपना जीवन रक्खा,
ऐसे श्रीआञ्जनेयके समान श्रीराम-कथाका और कौन रसिक हो सकता है?
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