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सर्वकोश
परशुराम कल्पसूत्र (महर्षि परशुराम - आचार्य विद्यानिवास मिश्र सविस्तार हिन्दी व्याख्या)

परशुराम कल्पसूत्र (महर्षि परशुराम - आचार्य विद्यानिवास मिश्र सविस्तार हिन्दी व्याख्या)

Parasurama Kalpasutra with Vidya Niwas Mishra Commentary

भगवान् परशुराम (टीकाकार: प्रो. विद्यानिवास मिश्र) द्वारा

DevanagariHindipublished320 पृष्ठ

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पृष्ठ 133

श्रीक्रमः ९१
इस तरह अ क थ नामक कोणों से अकारादि १६ वर्ण, ककारादि १६
वर्ण और थकारादि १६ वर्ण कुल मिलाकर ४८ वर्ण इस त्रिकोण में आ जाते
हैं। यहाँ अकथादिमय त्रिकोण का वर्णन किया गया है।
जहाँ तक ‘ह’ और ‘क्ष’ युगल अक्षरों के प्रश्न हैं, उनके मध्य में
अवस्थित ‘हंस’ रूप वर्ण समुदाय लिखना चाहिये, अर्थात् अपने दाहिने भाग
में ‘हं’ यह वर्ण लिखना चाहिये। वाम भाग में क्ष लिखकर मध्य में हंसः यह
लिखना चाहिये। इन वर्णों से वह त्रिभुज वर्ण-वैद्युतिक आभा से भर उठता है।
उस त्रिभुज के तीनों कोणों पर बाला के तीनों बीज लिखना चाहिये। इसकी
पूजा हंस मन्त्र से की जाती है।
उसके ऊपर पुष्प आदि का श्रद्धा भाव से अर्पण करना चाहिये। इस
पूजा में त्रिकोण की संरचना और अर्चना की बातें कही गयी हैं॥२५॥
चतुर्नवतिमन्त्रानाह
त्रितारी नमः सम्पुटितातेजस्त्रितयकला अष्टात्रिंशत्। सृष्टि-
ऋद्धि-स्मृति-मेधा-कान्ति-लक्ष्मी-द्युति-स्थिति-सिद्धयो ब्रह्मकला
दश। जरा-पालिनी-शान्तिरीश्वरी-रतिकामिके-वरदा-ह्लादिनी-
प्रीतिर्दीर्घा विष्णुकला दश। तीक्ष्णा-रौद्री-भया-निद्रा-तन्द्री-क्षुधा-
क्रोधिनी-क्रियोद्धारी-मृत्यवो रुद्रकला दश। पीताश्वेताऽरुणाऽ-
सिताश्चतस्र ईश्वरकलाः। निवृत्ति-प्रतिष्ठा-विद्या-शान्तीन्धिका-
दीपिका-रोचिका-मोचिका-परा-सूक्ष्माऽसूक्ष्मामृता-ज्ञानाज्ञानामृता-
प्यायिनी-व्यापिनी-व्योमरूपाः षोडश सदाशिवकलाः। हंसश्शु-
चिषद्वसुरन्तरिक्षसद्धोतां वेदिषदतिथिर्दुरोणसत्। नृषद्वरसद्दृतस-
द्व्योमसदब्जा-गोजा-ऋतजा-अद्रिजा ऋतं बृहत्। प्रतद्विष्णुस्तवते
वीर्येण मृगो न भीमः कुचरो गिरिष्ठाः। यस्योरुषु त्रिषु विक्रम-
णेष्वधिक्षियन्ति भुवनानि विश्वा। त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं
पुष्टिवर्धनम्। उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्यो-र्मुक्षीय मामृतात्। तद्विष्णोः
परमं पदं सदा पश्यन्ति सूरयः। दिवीव चक्षुराततम्। तद्विप्रासो
विपन्यवो जागृवांसः समिन्धते। विष्णोर्यत् परमं पदम्। विष्णुर्र्योनिं
कल्पयतु त्वष्टा रूपाणि पिंशतु। आसिञ्चतु प्रजापतिर्धाता गर्भं दधातु