बन्दी जीवन (शचीन्द्रनाथ सान्याल - भारतीय क्रान्तिकारियों की गीता, ब्रिटिश सरकार द्वारा प्रतिबन्धित)

बन्दी जीवन (शचीन्द्रनाथ सान्याल - भारतीय क्रान्तिकारियों की गीता, ब्रिटिश सरकार द्वारा प्रतिबन्धित)
Bandi Jeevan by Sachindra Nath Sanyal
शचीन्द्रनाथ सान्याल द्वारा
DevanagariHindipublished408 पृष्ठ
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300 / बन्दी जीवन
सहायता मिलेगी। इसी अभिलाषा मे मैने इस इतिहास को लिखना प्रारम्भ
किया है।
आज तो काग्रेस ने अवश्य ही यह स्वीकार कर लिया है कि पूर्ण स्वाधीनता
प्राप्त करना ही हमारा ध्येय है परन्तु इस स्थिति पर पहुँचने के लिए काग्रेस मे
वर्षों तक मर्मान्तक द्वन्द्व हुए है और देहली के अधिवेशन मे ही इसकी सर्वप्रथम
चेष्टा हुई थी यह बात भी स्मरण रखने योग्य है।