अमर शहीद अशफ़ाक़उल्ला ख़ाँ: व्यक्तित्व और कृतित्व (काकोरी के अमर शहीद का जीवन व रचनाएँ)

अमर शहीद अशफ़ाक़उल्ला ख़ाँ: व्यक्तित्व और कृतित्व (काकोरी के अमर शहीद का जीवन व रचनाएँ)
Amar Shaheed Ashfaqulla Khan: Personality & Works
अशफ़ाक़उल्ला ख़ाँ 'वारसी' (सम्पादक: बनारसीदास चतुर्वेदी) द्वारा
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फरामोश करे। जिसकी वह हमेशा माफी माँगते रहे। वह मुझे पुलिस
के कारनामे बतौर किस्सों के सुनाया करते थे, जो मुझे अभी तक याद हैं
और फिर उनका सामना भी किया और वह सबब भी जो कभी
थ्योरिटिकल था, अब प्रेक्टिकल सूरत में मिल गया' ।¹ अशफाक उल्ला को
पिता का साथ यदि और मिल गया होता तो निश्चित ही शिक्षा के
साथ-साथ उनके व्यक्तित्व में भी चार चाँद लग जाते। माता निर्माता
होती है तो पिता मस्तिष्क, यह अशफाक उल्ला को जाने अनजाने ज्ञात
था।
- अशफाक उल्ला खाँ, भवान सिंह राणा, (पृष्ठ - 13)
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