विवाह विज्ञान और कामशास्त्र (दाम्पत्य मनोविज्ञान, शारीरिक-मानसिक सामंजस्य एवं सम्पूर्ण विवाह विज्ञान)
Vivah Vigyan Aur Kam Shastra: Dampatya Manovigyan evam Vaidik Vivaha
विवाह विज्ञान शोध पीठ द्वारा
पृष्ठ 475, कुल 704 में से
संदर्भ में पढ़ें३३६ आनन्द मन्दिर
सन्तान हीन स्त्रियों का इलाज
स्त्री पुरुष दोनो का हाल ऊपर लिखे अनुसार स्त्री को देख-
कर और पुरुष का हाल फार्म भराकर रोग का हाल, रोगो के
उत्पन्न होने का कारण समझ कर जिसमे खराबी होती है उसका
इलाज करदेती हू, उसकी सब शिकायते दूर होकर सन्तान होने
लगती है। इस प्रकार हजारों सन्तान हीन स्त्रियो के सन्तान
उत्पन्न हो चुकी है और लाखो शक्तिहीन पति पत्नियो के रोग दूर
होगये हैं।
अब मैं इस विषय को अधिक न बढ़ाकर आयुर्वेद के अनु-
सार स्त्रियो के गर्भाशय के सम्बन्ध मे लिखती हू जो रोगी
निरोगी सबके लिये हितकारी है जिनको समझ कर स्त्री अपना
जीवन सुखमय बना सकती है।
गर्भाशय के बिगड़ने से रोगो की उत्पत्ति होती है जिसके
कारण सैकड़ा पीछे निन्यानवे स्त्री रोगी पायी जाती हैं और सन्तान
भी निर्वल दुर्बल और कम आयुवाली उत्पन्न होती है। यदि
गर्भाशय ठीक हो तो रोग उत्पन्न न हो।