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विवाह विज्ञान और कामशास्त्र (दाम्पत्य मनोविज्ञान, शारीरिक-मानसिक सामंजस्य एवं सम्पूर्ण विवाह विज्ञान)

विवाह विज्ञान और कामशास्त्र (दाम्पत्य मनोविज्ञान, शारीरिक-मानसिक सामंजस्य एवं सम्पूर्ण विवाह विज्ञान)

Vivah Vigyan Aur Kam Shastra: Dampatya Manovigyan evam Vaidik Vivaha

विवाह विज्ञान शोध पीठ द्वारा

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विवाह विज्ञान-कामशास्त्र १८१
कामशास्त्र सम्बन्धी पुस्तकों का प्रभाव
व्यर्थ की पुस्तकों को पढ़कर अनेक प्रकार
से विपरीत रतिक्रिया करने से स्त्रियों में रोगों
की उत्पत्ति-
कामशास्त्र, सम्बन्धी जितनी पुस्तके अब तक निकल चुकी
हैं सबको देखने से मालूम हुआ है कि ये सब पुस्तके अनेक
मनगढंत विषयो से भरी गई हैं जिनका तात्पर्य ही स्त्री पुरुषो मे
विषयवासना की अधिकता उत्पन्न करने का है जिन हानिकारक
बातो का स्त्री पुरुष स्वप्न मे भी विचार नहीं सकते वे इन पुस्तको
मे पढ़कर काम मे लाने लगते हैं ।
इन हानिकारी पुस्तको से स्त्रियो को बडी भारी हानि पहुँच
रही है । मेरे पास सैकड़ो स्त्रिया ऐसी आती हैं कि जिनके पति
इन पुस्तको के अनुसार विपरीत रतिक्रिया कर स्त्रियो को रोगी
बना रहे हैं ।
इस विषय की पुस्तको के लेखको ने केवल मनगढत विषयी,
पुरुषो की लेखनी से लिखेगये कामशास्त्र को देखा और अपनी
ओर से टीका टिप्पणी करके पुस्तको को बहुत हानिकारी बना
डाला क्योकि जितनी पुस्तके इस विषय की देखने मे आती हैं वे
सब मनगढंत इधर उधर की बातो और प्रमाणो से भरी गई हैं
एक भी पुस्तक किसी जानकार अनुभवी वैद्य की बनाई नही है ।