सामग्री पर जाएँ
सर्वकोश
स्याद्वादमञ्जरी (आचार्य मल्लिषेण सूरि - डॉ. जगदीशचन्द्र जैन सविस्तार हिन्दी अनुवाद सटीक)

स्याद्वादमञ्जरी (आचार्य मल्लिषेण सूरि - डॉ. जगदीशचन्द्र जैन सविस्तार हिन्दी अनुवाद सटीक)

Syadvadamanjari of Mallishena Suri with Hindi Commentary

आचार्य मल्लिषेण सूरि (अनुवादक: डॉ. जगदीशचन्द्र जैन) द्वारा

DevanagariHindipublished458 पृष्ठ

पृष्ठ 426, कुल 458 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 426

२२ श्रीमद्राजचन्द्रजैनशास्त्रमालायां
स्याद्वादमंजरी (अन्ययोगव्यवच्छेदिका) के शब्दोंकी सूची (४)
शब्द श्लोक शब्द श्लोक शब्द श्लोक शब्द श्लोक
अ औ नित्य २५ वाचक १४
अकृतकर्मभोग १८ औपाधिक ९ नित्यवाद २६ वाच्य १४
अतीतदोष १ क प वासना १९
अद्वैत १६ कर्ता ६ पक्षपाती ३० वितण्डा १०
अनन्तधर्म २२ कृतप्रणाश १८ पुरुष १५ विनाशवाद २६
अनन्तविज्ञान १ कृतान्त १७ प्रपंच १३ विरूप २५
अनुमान २० क्षणसन्तति १६ प्रमाण २८ विवाद १०
अनुवृत्ति ४ क्षणभंग १८ प्रमोक्ष १८ वृत्ति ७
अनुशासक ६ च ब व्यतिवृत्ति ४
अनेक १४ चित् १५ बन्ध १५ श
अनंतसंख्य २९ चैतन्य ८ बुद्धि १५ शून्य १७
अबाध्यसिद्धान्त १ ज बोध १२ ष
अमर्त्यपूज्य १ जड १५ ब्रह्मचारी ११ षड्जीवकाय २९
अम्बर १५ जिन १ भ स
असत् २५ ज्ञान १२ भव १८,२९ सत् २५,२८
आ म सत्ता ८
आत्मतत्त्व ९ त माया १०,१३ सदृश २५
आदेशभेद २३ तन्मात्रा १५ मितात्मवाद २९ सप्तभंग २३
आप्तमुख्य १ द मुक्त २९ सुगत १६
उ दुर्नोति २७,२८ मुक्ति ९ संवित् ९,१६
घ संविदद्वैत (विज्ञाना-
मुनि १० द्वैत ) १६
उत्पादविनाश २१ धर्मधर्मि ७ मोक्ष १५ स्मृतिभंग १८
उपाधि २४ न व स्याद्वाद ५
ए नय २८ यथार्थवाद २ स्वयंभू १
एक १४ नाशि २५ व ह
एकान्तवाद २७ नास्तिक २० वर्धमान १ हिंसा ११