शार्ङ्गधर संहिता (दीपिका टीका व हिन्दी व्याख्या सहित)
Sharangadhara Samhita with Dipika Hindi Commentary
शार्ङ्गधराचार्य द्वारा
स्रोत: चौखम्बा सुरभारती प्रकाशन · चौखम्बा सुरभारती प्रकाशन (उद्गम)
पृष्ठ 334, कुल 356 में से
संदर्भ में पढ़ें298 शार्ङ्गधरसंहिता
कुटजावलेह 142 | पञ्चकोल चूर्ण 117 | महाखांडव चूर्ण 123
कुटजाष्टकावलेह 143 | त्रिगन्ध चातुर्जात चूर्ण 118 | नारायण चूर्ण 123
मसूर घृत 147 | कट्फलादि चूर्ण 120 | हपुषादि चूर्ण 124
बब्बूलारिष्ट 170 | बृहत्कट्फलादि चूर्ण 120 | पञ्चसम चूर्ण 124
लोकनाथ रस 192 | दाडिमाष्टक चूर्ण 121 | लवणत्रितयादि चूर्ण 124
हेमगर्भपोट्टली रस 195 | लवंगादि चूर्ण 122 | हिंग्वादि चूर्ण 126
वमन 221-224 | जातीफलादि चूर्ण 122 | यवानीखांडव चूर्ण 126
( आमातिसार रोग ) | चित्रकादि चूर्ण 125 | लवणभास्कर चूर्ण 127
शुण्ठी पुटपाक 89 | हिंग्वादि चूर्ण 126 | चित्रकादि चूर्ण 125
वत्सकादि क्वाथ 95 | यवानीखांडव चूर्ण 126 | बाहुशाल गुड़ 130
शुण्ठ्यादि चूर्ण 120 | तालीसादि चूर्ण 127 | गुड़ के चार योग 132
हरीतक्यादि चूर्ण 121 | सितोपलादि चूर्ण 127 | वृद्धदारुक मोदक 132
( त्रिदोषज अतिसार ) | व्योषादि बटी 132 | सूरण पिण्डी 132
आनन्दभैरव रस 196 | चन्द्रप्रभा बटी 133 | सूरण बटक 132
( रक्तज अतिसार ) | योगराज गुग्गुलु 135 | मण्डूर बटक 133
जम्ब्वादि पत्र-स्वरस 86 | अगस्त्यहरीतकी अवलेह 142 | चन्द्रप्रभा बटी 133
मुस्तकादि प्रमथ्या 104 | कुटजावलेह 142 | कांकायन बटी 134
बदरीमूल कल्क 114 | पिप्पल्यादि घृत 146 | योगराज गुग्गुलु 135
वमन 221-224 | कुमार्यासव 167 | त्रिफला गुग्गुलु 137
9. अपस्मार रोग | लोहासव 168 | कूष्माण्डावलेह 141
द्वितीय रसोन कल्क 113 | रोहीतकारिष्ट 171 | अगस्त्यहरीतकी अवलेह 142
योगराज गुग्गुलु 135 | दशमूलारिष्ट 171 | कुटजावलेह 142
त्रिफला घृत 150 | लोकनाथ रस 192 | कुटजाष्टकावलेह 143
लाक्षादि तैल 152 | मृगांकपोट्टली रस 194 | चाङ्गेरी घृत 146
चन्दनादि तैल 161 | हेमगर्भपोट्टली रस 195 | महापञ्चतिक्त घृत 148
कुमार्यासव 167 | वमन 221-224 | कासीसादि तैल 157
वमन 221-224 | विरेचन 225-229 | उशीरासव 167
विरेचन नस्य 245 | विरेचन नस्य 245 | पिप्पल्यासव 168
10. अम्लपित्त रोग | ( हल्लास = जी मिचलाना ) | लोहासव 168
कुटजावलेह 142 | गुडूच्यादिगण क्वाथ 91 | देवदार्वादि अरिष्ट 169
वसन्तकुसुमाकर रस 198 | 12. अर्बुद ( कैंसर ) रोग | रोहीतकारिष्ट 171
निरूहण वस्ति 237 | चन्द्रप्रभा बटी 133 | दशमूलारिष्ट 171
11. अरोचक रोग | काञ्चनार गुग्गुलु 137 | लोकनाथ रस 192
आर्द्रक-स्वरस 86 | खदिरारिष्ट 170 | अभयादि मोदक 227
गुडूच्यादिगण क्वाथ 91 | वमन 221-224 | पूर्व स्वेदनीय रोगी 216
निदिग्धिकादि क्वाथ 94 | अपचीनाशक लेप ( 2 ) | विरेचन योग्य रोगी 226
वर्द्धमानपिप्पली कल्क 112 | रक्त निर्हरण 272 | ( रक्तार्श = खूनी बवासीर )
आमलकादि चूर्ण 117 | 13. अर्श ( बवासीर ) रोग | अपामार्गबीज कल्क 113
त्र्यूषण चूर्ण 117 | मरिच्यादि चूर्ण 124 | तिल कल्क 114
| | महापञ्चतिक्त घृत 148