रूपमण्डन एवं देवमूर्त्ति-प्रकरणम् (मण्डन सूत्रधार - प्राचीन मूर्तिकला एवं देव-प्रतिमा लक्षण सटीक)
Rupamandanam and Devatamurti Prakaranam of Sutradhara Mandana
मण्डन सूत्रधार द्वारा
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शब्दसूची
—:*:—
शब्दाः पत्राङ्काः | शब्दाः पत्राङ्काः
अक्षमाला ६१,६२,६६,९३,१०१,१४९ | कपाल ९९,१००,१०३,१४९
अक्षसूत्र ५९,६१,६२,६४,९९,१००,१०१, | कपालिन् ९९
१०२,१०३,१०४,१३७,१४०,१४१, | कमण्डलु ५९,६१,६३,६५,७१,७२,८९
१४४,१४५,१४६ | ९४,१०२,१०३,१४४,१४५,१४६,१६१
अघोर ९८ | कला ४४
अङ्कुश ६१,६४,७१,९४,१०३,१०४,१३७, | कल्पान्त १६८
१३८,१३९,१४० | कार्त्तिकेय १९२
अङ्गार ६९ | कालिका ४७
अङ्गुष्ठ १६५ | कांस्य १०
अण्डज ५१ | किन्नर १३९
अतसी ९८ | कुक्कुट ७२
अनिरुद्ध ७९,८० | कुण्डल ९७,९८,१००,१०१,१४७
अनुलेपन ९७,९८ | कुण्डिका ९९
नान्तरीयक ८० | कुमार १०१
अपसव्य ६४,६९,९६,१४७,१५१,१५२ | कृष्णाजिन ८९,१६१
अभय ९७,९९ | केतुसंस्थान ६७
अर्धनारीश्वर १०० | केयूर ७१,१०२
अष्टलोह २१,१०५ | कैरव २३
आमलकी ७८ | कोल्हापुर १६४
उपवीत ८९ | क्रूर ११८
उमा १००,१४४ | क्षिप्रगणाधिपं १६०
उल्का २६ | क्षेत्रपाल १५६
उष्णीष ९८ | खट्वाङ्ग ९९,१००,१०२,१०३,१०४
ऋण ११७ | खड्ग ९८,९९,१०३,१०४
ऋज १९७ | खर्वट १९३
कटिसूत्र ९८ | खात १२४
कन्द १२४ | खेद ९४