रसतरङ्गिणी (सदानन्द शर्मा - पारद, धातु, उपधातु एवं भस्म रसायन शास्त्र सटीक)
Rasatarangini of Sadananda Sharma with Prasadani Commentary
सदानन्द शर्मा (टीकाकार: पं. हरिदत्त शास्त्री) द्वारा
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विषय | पृष्ठ | विषय | पृष्ठ
तुत्थभस्म का गुण | ५४३ | द्वितीय मारण | ५५६
तुत्थभस्म की मात्रा | ५४३ | खर्पर भस्म का गुण | ,,
आमयिक प्रयोग | ५४४ | खर्पर भस्म की मात्रा | ५५७
तुत्थसत्त्व पातन | ५४५ | आमयिक प्रयोग | ,,
द्वितीय सत्त्व पातन | ५४५ | सत्त्व पातन | ५५८
तृतीय सत्त्व पातन | ५४६ | द्वितीय सत्त्व पातन | ५५६
तुत्थसत्त्वका मारण गुण और फल | ५४६ | खर्पर सत्त्व मारण | ,,
नकली तुत्थ निर्माण | ५४६ | खर्पर सत्त्व भस्म गुण | ,,
सिन्दूर का नाम | ५४६ | खर्पर भस्म की मात्रा | ५६०
श्रेष्ठ सिन्दूर | ५४७ | कान्तपाषाण नाम | ,,
सिन्दूर का गुण | ५४८ | कान्तपाषाण शोधन | ,,
सिन्दूर का आमयिक प्रयोग | ५४८ | द्वितीय शोधन | ५६१
सिन्दूराद्य मलहर | ५४८ | कान्तपाषाण मारण | ,,
द्वितीय सिन्दूराद्य मलहर | ५४६ | कान्तपाषाण भस्म गुण | ,,
सिन्दूराद्य तैल | ५४६ | कान्तपाषाण भस्म की मात्रा | ५६२
मुर्दा शंख का नाम | ५५० | कान्तपाषाण भस्म का आमयिक |
मुर्दा शंख का स्वरूप | ५५१ | प्रयोग | ५६२
मुर्दा शंख का शोधन | ५५१ | काशीस का नाम | ,,
मुर्दा शंख का गुण | ५५१ | काशीस के दो भेद | ५६३
शुद्ध आमयिक प्रयोग | ५५२ | काशीस का स्वरूप | ,,
मृद्दारशृङ्गाद्य मलहर | ५५२ | काशीस का शोधन | ५६४
द्वितीय मृद्दारशृङ्गाद्य मलहर | ५५३ | काशीस का गुण | ,,
खर्पर नाम | ५५३ | काशीस का निर्माण | ,,
खपर का लक्षण | ५५३ | काशीस द्रव निर्माण | ५६५
खर्पर के दो भेद | ५५४ | काशीस की मात्रा | ५६६
खर्पर का शोधन | ५५५ | काशीस का आमयिक प्रयोग | ,,
द्वितीय शोधन | ५५५ | काशीस मारण | ५६८
तृतीय शोधन | ५५५ | द्वितीय मारण | ५६६
खर्पर मारण | ५५६ | काशीस भस्म का गुण | ,,