सामग्री पर जाएँ
सर्वकोश
रसार्णव (शैव रस-तन्त्र - प्राचीन भारतीय खनिज रसायन, धातुवाद एवं रस-चिकित्सा सटीक)

रसार्णव (शैव रस-तन्त्र - प्राचीन भारतीय खनिज रसायन, धातुवाद एवं रस-चिकित्सा सटीक)

Rasarnava: Tantric Chemistry and Alchemy with Commentary

शिव-पार्वती संवाद (सम्पादक: प्रफुल्लचन्द्र राय एवं हरीशचन्द्र कविराज) द्वारा

DevanagariHindipublished558 पृष्ठ

पृष्ठ 436, कुल 558 में से

संदर्भ में पढ़ें
पृष्ठ 436

साहस्र-पलमाने भुजङ्गमे ।(a typo in the edition forद्रव्याद्द्वादशसाहस्र-orद्रव्याद् द्वादश-). Wait, let me check if it's द्रव्याद्वादशorद्रव्याहादश. It looks like द्रव्याहादशसाहस्र-`!

  • Let's check Verse 85 (lines 9-11):
    Line 9:
    कान्तचूर्णपलाह्यष्टौ पलाम्बष्टौ रसस्य च ।
    Wait! Look at पलाह्यष्टौ:
    प ला ह्य ष्टौ?
    Wait, कान्तचूर्णपलाण्यष्टौ?
    Look at line 9:
    का न्त चू र्ण प ला न्य ष्टौ or ह्य or ण्य?
    Wait! Look at line 5: लोहान्यष्टौ vs लोहाण्यष्टौ!
    Wait, in line 9: कान्तचूर्णपला...
    Is that ह्यष्टौ or न्यष्टौ or ण्यष्टौ?
    Wait, look at line 9 again:
    कान्तचूर्णपलाण्यष्टौ? No, look at the second word: