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प्रासाद मण्डन (मण्डन सूत्रधार - मन्दिर निर्माण, शिखर, मण्डप एवं वास्तु लक्षण सटीक)

प्रासाद मण्डन (मण्डन सूत्रधार - मन्दिर निर्माण, शिखर, मण्डप एवं वास्तु लक्षण सटीक)

Prasada Mandanam of Sutradhara Mandana with Commentary

मण्डन सूत्रधार (महाराणा कुम्भा के प्रधान वास्तुकार) द्वारा

DevanagariHindipublished278 पृष्ठ

पृष्ठ 272, कुल 278 में से

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पृष्ठ 272

( २२३ )
वाजिन् पुं. अश्वथर, घोडा का थर ।
वानरेश्वर पुं. हनुमान देव ।
वापी स्त्री. वावडी ।
वामन न. मंडप के व्यास के आधे मान के उदयवाला
गूम्बद, प्रथम का देव, जगती के आगे का
बलाणक मंडप ।
वायव्य पु. वायुकोना ।
वायस पुं. ध्वाक्ष आय, कौआ ।
वाराह पुं. मंडप के व्यासार्ध के ३/२ मान के उदयवाला
गुम्बद । खरशिला का देव ।
वारि न. पानी, जल ।
वारिमार्ग न. दीवार से बाहर नोकला हुआ खाचा ।
वारुण न. शतभिषा नक्षत्र,
वासव न. धनिष्ठा नक्षत्र ।
वास्तु पुं. न. निवास स्थान, गुहाप्रसाद में विशेष प्रकार
की देवपूजन विधि ।
वाहन न. सवारी, गाडी ।
विघ्नेश पुं. गणपति, गणेश ।
विजयानन्द पुं. वैराज्यादि २२वा प्रासाद ।
वितथ पुं. वास्तु मंडल के देव ।
विदारिका स्त्री वास्तुमण्डल के अग्नि कोने की देवी ।
विद्याधर पुं. गूम्बद में नृत्य करने वाले देवरूप ।
केवाल घर का देव ।
विधि पुं. वास्तुमण्डल के देव, ब्रह्मा ।
विधु पु. चन्द्रमा, एक सख्या ।
विद्ध वि. वेध, रुकावट ।
विपर्यास पुं. विपरीत, उलटा ।
विभव पुं. सातवा व्यय ।
विमान पुं. वैराज्यादि सातवा प्रासाद, राजद्वार के आगे
का बलाणक मण्डप ।
विमानजा स्त्री. प्रासाद की एक जाति ।
विमाननागरच्छन्दा स्त्री. प्रासाद की एक जाति ।
विमानपुष्पका स्त्री. प्रासाद की एक जाति ।
विलोक्य पुं. खुला भाग ।
विवस्वन् पु. वास्तुमण्डल का देव, सूर्य ।
विंशति स. बीस की सख्या ।
विशाल पुं. वैराज्यादि आठवा प्रासाद ।
विश्व न. जगत्, तेरह की संख्या ।
विश्वकर्मन् पु. जगत की रचना करने वाला देव-
शिल्पी ।
विष्णुक्रांता स्त्री. औषधि विशेष अपराजिता
विस्तीर्णा वि. विस्तार
वीतराग पुं. रागरहित जिनदेव ।
वृत्त वि. गोलाई ।
वृद्धि वि. बढाना ।
वृष पुं. पाचवी आय, नदीगण, वृषभ ।
वृषभध्वज पुं. केसरी जाति का २४वा प्रासाद ।
वेद पुं. चार की सख्या ।
वेदिका स्त्री. पीठ, प्रासाद आदिका आसन ।
वेदी स्त्री. राजसेन के ऊपर का थर, पीठ ।
वेश्मन् न. मंदिर, घर ।
वैडूर्य पु. केसरीजाति का १७ वा प्रासाद, रत्न विशेष ।
वैधृति पुं. सत्तावीस योग मे से एक योग ।
वैराज्य पु. प्रासाद की एक जाति ।
वैराटी स्त्री. प्रासाद की कमलपत्र वाली दीवार ।
वैष्णव पु. श्रवण नक्षत्र ।
व्यक्त वि. प्रकाशवाला ।
व्यङ्ग वि. टेढा ।
व्यजन न' पखा ।
व्यतिक्रम वि. मर्यादा से अधिक ।
व्यतिपात पुं. सत्तावीस योग मे से एक योग ।
व्यय पु. आठ की सख्या, खर्च ।
व्यास पुं. विस्तार, गोल का समान्तर दो भाग करने
वाली रेखा ।
व्योमन् न. शून्य, आकाश ।
व्रीही स्त्री जब, धान्य विशेष ।
श
शक्र पु. चौदह की सख्या, इन्द्र ।
शङ्कर पु ईशानकोन, महादेव ।
शङ्कु पु. छाया मापक यंत्र ।
शङ्खावर्त्त पुं. प्रासाद की देहली के आगे की अद्ध'चंद्र
के आकारवाली शंख मोर लताभो वाली आकृति ।