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सर्वकोश
मानसार शिल्पशास्त्र (प्रसन्ना कुमार आचार्य - प्राचीन भारतीय स्थापत्य, नगर-नियोजन व मूर्ति-शिल्प महाकोश)

मानसार शिल्पशास्त्र (प्रसन्ना कुमार आचार्य - प्राचीन भारतीय स्थापत्य, नगर-नियोजन व मूर्ति-शिल्प महाकोश)

Manasara on Architecture and Sculpture by P.K. Acharya

मानसार ऋषि (अनुवादक: डॉ. प्रसन्ना कुमार आचार्य) द्वारा

DevanagariHindipublished856 पृष्ठ

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308 MĀNASĀRA
41. C. प्रदेशं स्यात्, I. प्रदेशस्य for the first expression suggested by the
other Mss.
42. C. जालकं जंम for सालजम्म ।
45. B. सारेांगा for सालाङ्ग ।
52. C. दृष्ट्या for वृष्ट्या ।
53. I. धावहे for मावहेत् suggested by the other Mss.
54. (1) I. सज्जनेन for सज्जनः ।
(2) B. स्फूर्जेदोपं (? पं), C. स्फूर्जयो ।
55. B. त्वंगं तु for चरं तु ।
57. (1) I. कुद्मस्य for कुद्माङ्ग suggested by the other Mss.
(2) B. रोत्सेधे for विस्तारे । (3) I. हि for वि suggested by the other
Mss.
59. (1) I. श्रोण्या, B. C. श्रोण्या । (2) B. leaves the first pāda in a
lacuna.
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