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सर्वकोश
कौषीतकि ब्राह्मण (शाङ्खायन ब्राह्मण - उदय प्रणीत व्याख्या सहित सटीक)

कौषीतकि ब्राह्मण (शाङ्खायन ब्राह्मण - उदय प्रणीत व्याख्या सहित सटीक)

Kaushitaki Shankhayana Brahmana with Udaya Commentary

महर्षि कौषीतकि (टीकाकार: उदयसूरि) द्वारा

DevanagariSanskritpublished119 पृष्ठ

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188 Appendix II Appendix II 189
XXVI. ४.१. RV. 6.19.1.
TS. 1.2.3.3. XXV. ६.७. RV. 4.16.4.
बृहस्पतिर्ब्रह्मा VI. ७.११. TS. 2.6.9.3. महि ज्योति रुरुचुर्यद वस्तोः XXIII. ६.७. RV. 4.56.1.
ब्रह्म जज्ञानं प्रथमं पुरस्तात् VIII. ५.१०. AV. 4.1.1. मही द्यावापृथिवी इह ज्येष्ठे VIII. १.१३. RV. 1.22.13.
KS. 16.15. मही द्यौः पृथिवी च नः XXVI. ५.३. RV. 1.22.13.
ब्रह्मणा ते ब्रह्मयुजा युनज्मि XXIX. ५.१५. RV. 3.35.4. XXVI. ४.१७. RV. 6.32