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सर्वकोश
गणितसारसंग्रह (महावीराचार्य - प्रो. लक्ष्मीचन्द्र जैन सविस्तार हिन्दी अनुवाद सटीक)

गणितसारसंग्रह (महावीराचार्य - प्रो. लक्ष्मीचन्द्र जैन सविस्तार हिन्दी अनुवाद सटीक)

Ganitasarasangraha of Mahaviracharya with Hindi Translation

महावीराचार्य (अनुवादक: प्रो. एल. सी. जैन) द्वारा

DevanagariHindipublished421 पृष्ठ

पृष्ठ 146, कुल 421 में से

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पृष्ठ 146

९२ ] गणितसारसंग्रहः [ ६. ३-
अत्रोद्देशकः
द्वादशसंख्याराशेर्द्वाभ्यां संक्रमणमत्र किं भवति ।
तस्माद्राशेर्भक्तं विषमं वा किं तु संक्रमणम् ॥ ३ ॥
पञ्चराशिकविधिः
पञ्चराशिकस्वरूपवृद्ध्यानयनसूत्रम्—
इच्छाराशिः स्वस्य हि कालेन गुणः प्रमाणफलगुणितः ।
कालप्रमाणभक्तो भवति तदिच्छाफलं गणिते ॥ ४ ॥
अत्रोद्देशकः
त्रिकपञ्चकषट्कशते पञ्चाशतषष्टिसप्ततिपुराणाः । लाभार्थतः प्रयुक्ताः का वृद्धिर्मासषट्कस्य ॥ ५ ॥
व्यर्धाष्टकशत्युक्तास्त्रिंशत्कार्षापणाः पणाश्चाष्टौ । मासाष्टकेन जाता दलहीनेनैव का वृद्धिः ॥ ६ ॥
षष्ट्या वृद्धिर्दृष्टा पञ्च पुराणाः पणत्रयविमिश्राः । मासद्वयेन लब्धा शतवृद्धिः का तु वर्षस्य ॥ ७ ॥
सार्धशतकप्रयोगे सार्धकमासेन पञ्चदश लाभः । मासदर्शकेन लब्धा शतत्रयस्यात्र का वृद्धिः ॥८॥
साष्टशतकाष्टयोगे त्रिषष्टिकार्षापणा विशा दत्ताः । सप्तानां मासानां पञ्चमभागान्वितानां किम्॥९॥
उदाहरणार्थ प्रश्न
जब संख्या १२, दो से आयोजित हो तो संक्रमण क्या होगा ? और, २ के सम्बन्ध में उसी
संख्या १२ का भागीय विषम संक्रमण क्या होगा ?
पंचराशिक विधि
पंचराशिक प्रकार के ब्याज को निकालने की विधि के लिये नियम—
इच्छा का प्ररूपण करनेवाली संख्या, अर्थात् जिस पर ब्याज निकालना इष्ट होता है ऐसे धन
को उससे सम्बन्धित समय द्वारा गुणित किया जाता है और तब दिये हुए मूलधन पर ब्याज दर का
निरूपण करने वाली संख्या द्वारा गुणित किया जाता है । गुणनफल को समय तथा मूलधन राशि द्वारा
भाजित किया जाता है । यह भजनफल, गणित में, इष्ट धन का ब्याज होता है ॥४॥
उदाहरणार्थ प्रश्न
५०, ६० और ७० पुराण क्रमशः ३, ५ और ६ प्रतिशत प्रतिमाह की दर ( rate ) से ब्याज पर
दिये गये, उनका ६ माह में ब्याज क्या होगा ? ॥५॥ ३० कार्षापण और ८ पण, ७ ½ प्रतिशत प्रतिमाह
की दर से ब्याज पर दिये गये, ७ ½ माह में कितना ब्याज होगा ? ॥६॥ ६० पर २ माह में ५ पुराण और
३ पण ब्याज होता है; १०० पण १ वर्ष का ब्याज बतलाओ ॥७॥ १५० को १ ½ माह तक उधार देने
से १५ ब्याज प्राप्त होता है । इसी अर्ध से ३०० पर १० माह का ब्याज क्या होगा ? ॥८॥ एक
व्यापारी ने ६३ कार्षापण, १०८ पर ८ प्रतिमाह की दर से उधार दिये, बतलाओ ७ ⅕ माह में कितना
ब्याज होगा ॥९॥
ध × अ × बा
( ४ ) बीजीय रूप से ब = ―――――――――― जहाँ आ, धा और बा प्रमाण अथवा दर सम्बन्धी क्रमशः
आ × धा
अवधि, मूलधन और ब्याज हैं और अ, ध तथा ब इच्छा की क्रमशः अवधि, मूलधन और ब्याज हैं ।
प्रमाण और इच्छा के विशेष स्पष्टीकरण के लिये अध्याय ५ की गाथा २ की पाद टिप्पणी देखिये ।
( ५ ) ब्याज की दर यदि उल्लिखित न हो तो उसे प्रतिमास समझना चाहिये ।