धम्मपद (पालि मूल, संस्कृत छाया एवं हिन्दी अनुवाद)

धम्मपद (पालि मूल, संस्कृत छाया एवं हिन्दी अनुवाद)
Dhammapada with Pali Original & Hindi Translation
महापण्डित राहुल सांकृत्यायन द्वारा
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जाता है; ऐसी अवस्थामें पहुँचे पुरुषको सोतापन्न कहते हैं।
स्रोत (=श्रोतः)=निर्वाणगामी नदी प्रवाहमें जो आपन्न
(=पड़ गया) है।*
प्रज्ञाप्रासादमारुह्याऽशोच्यः शोचतो जनान्।
भूमिष्ठानिव शैलस्थः सर्वान् प्राज्ञोऽनुपश्यति
योगभाष्य १।४७
कामं कामयानस्य यदा कामः समृध्यते।
अथैनमपरः कामः क्षिप्रमेव प्रधावते ॥
न्यायभाष्य ४।१।५७
न तेन वृद्धो भवति—म० ० । धम्म० १६।४