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चन्दायन (मुल्ला दाऊद - प्राचीनतम अवधी सूफी-प्रेमाख्यान सटीक)

चन्दायन (मुल्ला दाऊद - प्राचीनतम अवधी सूफी-प्रेमाख्यान सटीक)

Chandayan of Mulla Daud with Hindi Commentary

मुल्ला दाऊद (१३७९ ई.) / डॉ. परमेश्वरीलाल गुप्त द्वारा

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पृष्ठ 387

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लोरिकने उत्तर दिया-गौरासे तो यह निश्चय करके आये थे कि ब्याह
करके शादी करेंगे और अब यहाँ कायरसी सी बात करते हो ? स्त्रीकी चोरी मर्दोंका
काम नहीं है । मैं अपने तेगके बलपर शादी करूँगा । मुझे चोर कहलाना कभी अभीष्ट
नहीं । आप लोग मेरे सहारेके लिए पीछे रहिये । मैं अकेले शादी करूँगा ।
फिर कुछ रुककर बोला-जरा इस सम्बन्धमें मैं भौजी (भाभी) से भी पूछ
लूँ, कि वह क्या कहती हैं !
और वह तत्काल मदाकिनके पीछे दौड़ा और सामने आकर उसे भौजी
(भाभी) सम्बोधनके साथ नमस्कार किया । मदाकिनने उससे 'भौजी' सम्बोधन करनेका
कारण पूछा । लोरिकने बताया तुमसे अपने भाईका विवाह करनेके लिए ही बारात
सजाकर लाया हूँ इसलिए मैं तुम्हें 'भौजी' कह रहा हूँ ।
मदाकिनने कहा-चुप रहो । कहीं मेरे पिताने सुन पाया तो तुम्हें जानते
मरवा देंगे । मुझसे विवाह करनेके लिए कितने ही लोग आये पर कोई भी अपने घर
वापस न जा सका । कुशल इसीमें है कि गौरा वापस चले जाओ ।
लोरिकने तमककर उत्तर दिया-भौजी ! मेरा नाम लोरिक मनियार है !
बिना विवाह किए गौरा वापस जानेका नहीं । अब तक तुमसे विवाह करनेके लिए
कितने लोग भी आये थे मर्द नहीं थे भेड़ थे । भेड़ बकरी पाकर तुम्हारे पिताने उन्हें
काट डाला । इस बार उन्हें मर्दसे पाला पड़ेगा ।
मदाकिन बोली-देवर मेरे ! तुम्हारी सूरत अवर्णनीय है । मेरी बात मानो ।
जाकर डोला (पालकी) ले आओ और मुझे लेकर गौरा भाग चलो । वहीं चलकर
शादी करना । मेरे पिता भुडम बहुत मक्कार हैं । वे अपना पराया कुछ भी नहीं
पहचानते । उनसे तुम जीत न सकोगे ।
लोरिक बोला-भौजी ! तुम्हारा विवाह किये बिना मैं गौरासे नहीं जाऊँगा ।
तुम्हें इस प्रकार ले चलूँगा तो मेरी हँसी होगी । स्त्री-पुरुष सभी कहेंगे कि
लोरिक शक्तिहीन था, नारी चुराकर ले गया । अतः बिना लँगवरका विवाह किये मैं
गौरा नहीं जाता ।
यह कहकर लोरिक लौट पड़ा और बारात लेकर मुटोरीकी सीमापर पहुँचा ।
मुडबुडेने भीतारजइल्फ द्वारा बारात आनेकी सूचना बामदेवको भेज दी । जब
भीताने बामदेवसे यह समाचार कहा तो उत्तर मिला-जब तक युद्धमें हम हार न
यों शादी नहीं की जा सकती ।
यह सुनते ही भीता अगार हो गया और बोला- ठीक है । तुम्हारा गर्व
हम निश्चय ही चूर्ण करेंगे ।
उसने लौटकर लोरिकसे सारी बात कह सुनायी । लोरिक भी यह सुनकर
आग बबूला हो गया । युद्धकी तैयारी करने लगा ।
बामदेवन अपने बड़े मल्लिनको बुलाकर लोहा लनेकी तैयारी करनेका आदेश