वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)

वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)
Vaiyakarana Siddhanta Kaumudi of Bhattoji Dikshita with Commentary
भट्टोजि दीक्षित (टीकाकार: वासुदेव दीक्षित एवं ज्ञानेन्द्र सरस्वती) द्वारा
DevanagariHindipublished835 पृष्ठ
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सूत्रपाठः । (१९)
किदाशिषि ॥ १०४ ॥ झस्य रन् ॥ १०५ ॥ इटोऽत् ॥ १०६ ॥ सुट्तिथोः ॥ १०७ ॥
झेर्जुस् ॥ १०८ ॥ सिजभ्यस्तविदिभ्यश्च ॥ १०९ ॥ आतस् ॥ ११० ॥ लङः शाकटायन-
स्यैव ॥ १११ ॥ द्विषश्च ॥ ११२ ॥ तिङ्शित्सार्वधातुकम् ॥ ११३ ॥ आर्धधातुकं शेषः ॥
॥ ११४ ॥ लिट् च ॥ ११५ ॥ लिङाशिषि ॥ ११६ ॥ छन्दस्युभयथा ॥ ११७ ॥ १७ ॥
( धातुसम्बन्धेसमानकर्तृकयोरधिकरणेस्वांगे लिटस्तत्स्थस्थमिपां सप्तदश ) ॥
इति तृतीयाध्यायस्य चतुर्थः पादः ॥ ४ ॥
समाप्तश्चाध्यायस्तृतीयः ॥ ३ ॥
अथ चतुर्थोऽध्यायः ।
ङ्याप्प्रातिपदिकात् ॥ १ ॥ स्वौजसमौट्छष्टाभ्याम्भिस्ङेभ्याम्भ्यस्ङसिभ्याम्भ्यस्ङसोसाम्ङ्यो-
स्सुप् ॥ २॥ स्त्रियाम् ॥ ३॥ अजाद्यतष्टाप् ॥ ४