वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)

वैयाकरण सिद्धान्त कौमुदी (भट्टोजि दीक्षित - बालमनोरमा व तत्त्वबोधिनी टीका सम्पूर्ण पूर्वार्ध)
Vaiyakarana Siddhanta Kaumudi of Bhattoji Dikshita with Commentary
भट्टोजि दीक्षित (टीकाकार: वासुदेव दीक्षित एवं ज्ञानेन्द्र सरस्वती) द्वारा
DevanagariHindipublished835 पृष्ठ
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वन्धेर्ब्रधिवुधौ च ॥ ब्रध्नः । बुध्नः ॥"
Line 5: "धापृवस्यज्यतिभ्यो नः ॥"
Line 6: "लक्षेरट् च ॥" (Line 7)
Line 9: "वनेरिरुवधायाः ॥" (वनेरिल्लोप उपधायाः / वनेरिरुपधायाः)
Line 9: "सिवेट्टेर्यू च ॥"
Line 10: "कृवृजॄसिद्रुपदद्विस्वपिभ्यो नित् ॥" (Line 10-11)
Line 12: "घेट इच्च ॥"
Line 13: "तृषिशुषिरसिभ्यः कित् ॥"
Line 14: "सुञो दीर्घश्च ॥"
Line 14: "रमेस्त च ॥"
Line 14-15: "रास्त्रासास्त्रास्थूणावीणाः ॥"
Line 16: "गादाभ्यामिष्णुच् ॥"
Line 16-17: "कृत्यशूभ्यां क्स्नः ॥"
Line 17: "तिजेर्दीर्घश्च ॥"
Line 17: "श्लिषेरक्षोपधायाः ॥"
Line 18: "यजिमनिगुन्धिदसिजनिभ्यो युच् ॥