सिद्धान्तदर्पण (महामहोपाध्याय सामन्त चन्द्रशेखर सिंह - नग्न-नेत्र खगोल वेध एवं गणित महाकोश)
Siddhanta Darpana of Mahamahopadhyaya Samanta Chandrasekhara
सामन्त चन्द्रशेखर सिंह (सम्पादक: प्रो. योगेशचन्द्र राय) द्वारा
पृष्ठ 86, कुल 609 में से
संदर्भ में पढ़ेंविषय सूची lxxxiii
विषय श्लोक स० पृष्ठ स०
मान विकला के अनुसार उदय अस्त मय अंश २४
शुक्र आदि का उदय और अस्त, गत
और गम्य काल ३४
स्फुट क्रान्ति के लिये दृक् कर्म ध्रुव ४३
ग्रह नक्षत्रों के उदय अस्त का कारण,
दिङ्मण्डल संस्कार ५०
सूर्य का स्फुट केन्द्र, नत तथा
उन्नति, कालांश संस्कार ५७
मेष में सायन सूर्य रहने पर उत्कल
देश के क्षेत्रांश आदि ६८
अन्य स्थानों में ग्रह सूर्य की अन्तर
कला की गणना ७३
दृक् कर्म से स्फुट उदय और अस्त काल ८१
उदय अस्त काल, सूर्य चन्द्र शुक्र के प्रकाशांश ८४
स्तुति और उपसंहार ८५-८६
चतुर्दश प्रकाश - चन्द्रशृंगोन्नति वर्णन २२०--२३०
अध्याय का विषय १
दृक्कर्म संस्कार से सूर्य चन्द्र का
नित्य उदय अस्त २
सावन और नाक्षत्र दिन, चान्द्र सावन दिन ७
शृंगोन्नति काल, शृंग के वक्र होने का कारण ११
आयन तथा आक्ष वलन और वलन,
सूर्य चन्द्र अन्तर २६
ख वृत्त लेखन ३०
उसमें सूर्य बिन्दु चन्द्र बिम्ब तथा
कपाल लेखन ३५
शुक्ल भाग का निर्णय, किरण व्याप्ति ४०
चन्द्र कला का योग तथा घटाव ४५
शुक्ल अंगुल मान, छेदक न्यास ५१
सूर्य पृथ्वी पृष्ठ तथा ऊर्ध्वाकाश लेखन ५५
वर्ण सूत्र से सित भाग की स्थिति, प्राचीन
सिद्धान्त में सुधार ६१