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सर्वकोश
रत्नावली नाटिका (सम्राट हर्षवर्धन - शास्त्रीय नाटिका रत्न सम्पूर्ण ४ अङ्क सान्वय सटीक)

रत्नावली नाटिका (सम्राट हर्षवर्धन - शास्त्रीय नाटिका रत्न सम्पूर्ण ४ अङ्क सान्वय सटीक)

Ratnavali Natika of Emperor Harsha with Commentary

सम्राट हर्षवर्धन द्वारा

DevanagariHindipublished520 पृष्ठ

पृष्ठ 285, कुल 520 में से

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पृष्ठ 285

? No, "सान्द्रा वीथी तथैषा"?
Here: सा (-) न्द्रा (-) वी (-) थी (u?) तथै (-) यं (-)
Is 'थी' shortened?
Wait: सा (-) न्द्रा (-) वी (-) थी (u?) त (u) थै (-) यं (-)
No:
सा (-) न्द्रा (-) वी (-) थी ( - ) त (u) थै (-) यं (-) = 7 syllables (- - - - u - -)
ब (u) कु (u) ल (u) वि (u) ट (u) पि (u) नां (-) = 7 syllables (u u u u u u -)
पा (-) ट (u) ला (-) प (-) ङ्क्ति (u) रे (-) षा (-) = 7 syllables (- u - - u - -)
Wait: पा (-) ट (u) ला (-) प (-) ङ्क्ति (u) रे (-) षा (-):
पा (-)
ट (u)
ला (-)
प (-) (guru because of ङ्क्)
ङ्क्ति (u) (laghu)
रे (-)
षा (-)
= - u - - u - - !
PERFECT SRAGDHARA!
Text:
"सान्द्रा वीथी तथैयं बकुलविटपिनां पाटला पङ्क्तिरेषा ।"
Wait, in the image, is it "पङ्क्तिरेषा" or "पण्ड्क्तिरेषा"?
Look at the conjunct: it has a ङ् with