काव्यप्रकाश (आचार्य मम्मट - सम्पूर्ण १० उल्लास सटीक)

काव्यप्रकाश (आचार्य मम्मट - सम्पूर्ण १० उल्लास सटीक)
Kavyaprakasha of Mammata with Hindi Commentary
आचार्य मम्मट / पं. विश्वेश्वर सिद्धान्तशिरोमणि द्वारा
DevanagariSanskritpublished616 पृष्ठ
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सूक्ष्मेक्षिकामधिगम्यमुपेयवस्तु
सूत्रात्मकैर्गुरुगभीरगिरा प्रवाहै ।
आस्वादयन् सहृदयान् विशद यश स्व
श्रीमम्मट स्फटिकमन्दिरवच्चंचकार ॥ ६ ॥
एतद्ग्रन्थमनोज्ञताञ्चितमतिर्विद्वत्कुलाम्भोजिनी-
तिग्मांशु स महादिमाङ्कितमहोपाध्यायभाषाचित ।
गङ्गानाथसुधीर्मदीयजनको लोकोपकारक्षमा
व्याख्यामाङ्गलंगिराऽस्य निर्मलपदन्यासोत्तमा निर्ममे ॥ ७ ॥
श्रीभारतीयविद्याप्रकाशन काशिकानिलयम् ।
काव्यप्रकाशमेन प्रकाशयत् काशता स्वगुणै ॥ ८ ॥
पितृचरणवच श्रीदेवनद्या प्रवाहे
विबुधनिवहहृत्सोत्तमसान्निध्यहृद्ये ।
सविनयनतिशाली पुष्पमेतत्सुवर्णं
विसृजति मिथिलाभू श्रीमदादित्यनाथः ॥ ९ ॥