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सर्वकोश
काव्यप्रकाश (आचार्य मम्मट - सम्पूर्ण १० उल्लास सटीक)

काव्यप्रकाश (आचार्य मम्मट - सम्पूर्ण १० उल्लास सटीक)

Kavyaprakasha of Mammata with Hindi Commentary

आचार्य मम्मट / पं. विश्वेश्वर सिद्धान्तशिरोमणि द्वारा

DevanagariSanskritpublished616 पृष्ठ

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यत्रैता लहरीचलाचलदृशो व्यापारयन्ति भ्रुवं
यत् तत्रैव पतन्ति संततममी मर्मस्पृशो मार्गणाः ।
तच्चक्रीकृतचापमञ्चितशरप्रेङ्खत्करः क्रोधनो
धावत्यग्रत एव शासनधरः सत्यं सदासां स्मरः ॥५१८॥
साध्यसाधनयोः पौर्वापर्यविकल्पे न किंचिद्वैचित्र्यमिति न
तथा दर्शितम् ॥११७॥
विशेषणैर्यत्साकूतैरुक्तिः परिकरस्तु सः ॥
अर्थाद्विशेष्यस्य ।