कान्हड़दे प्रबन्ध (कवि पद्मनाभ - जालोर चौहान वीरगाथा, अलाउद्दीन खिलजी से युद्ध व जौहर इतिहास)
Kanhadade Prabandha of Kavi Padmanabha with Commentary
कवि पद्मनाभ (सम्पादक: प्रो. कान्तिलाल बलदेवराम व्यास) द्वारा
पृष्ठ 115, कुल 354 में से
संदर्भ में पढ़ें४४ कान्हडदे प्रबन्ध
. समुद्र मांहि वस्या⁵⁷ । कसवटी कस्या⁵⁸ । ते घोडा पृथवी बुरतालइ⁵⁹ ॥
वाघवालीया च्यारि च्यारि विलगा छइ⁶⁰ । किरि जाणीइ आकाशि
तणां गमन करशि⁶¹ । अथवा पाताल तणां पाणी प्रगटांवशि⁶² ।
ते घोडा गंगोदकि स्नान कराव्या⁶³ । तेह तणि सिरि' श्रीकमलि पूजा
कीधी⁶⁴ । तेह तणी पूठि बावनाचंदन तणा हाथा दीधा⁶⁵ ।
तेह तणी पूठि पंचवर्ण पापर ढाली⁶⁶ । किसी किसी पापर⁶⁷ । रणपपर⁶⁸ ।
57 समुद्र-समुद्रह E. मांहि-मांहि A E G K, मांहि B, ... C. वस्या-वस्या D, वसा C, तिरइ K.
58 कसवटी-कसुटी B G, कसुटीइं C, कसोरी D, कसउटी E K.
59 घोडा-घोडे D K. पृथवी-पृथ्वी B C K, प्रथ्वी D E G. बुरतालइ-पुरतालइं A, बुरातालि घूँदि B,
बुरतालि C G, बुरतालि D, बुरातालइ K. J reads for ll 54-59 :
जातिसुजाती अनि सुविंसिद्धा । रदिरुद्दि कर सोह ।
धधकत्ता सुशोभितवर्गा । दृष्टि उपजि मोह ॥
दवि भट्ठांइ ॥ वार्ता ॥ ते घोटा दीसि किसा । समुद्रमांहि वशा । कसुटीइं किशा ।
60 C D J omit ll 60-62. वाघवालीया-वाघाबालीई B, वाघवालिया E, वाघचालीआ G, वागवा-
लीआ K. च्यारि च्यारि-अस्वार B, च्यारि २ E G. विलगा-इलगा A B E G. छइ-छइं A, छि B'G.
61 किरि-...B, करि E G K. जाणीइ-जाणे B, जाणीइ E, जाणियै K. आकाशि तणां-आकाश B,
आकास G, आकाशने K. गमन-गमत G. करशि em-करशि A, करसि B G, वरिंसि E,
करिस्यै K.
62 अथवा-... B G. पाताल-पातल E. तणां-तणू G. पाणी-पांणी E K. प्रगटावशि-प्रगटावस्रिं A,
प्रगट हुति B, प्रगटावणि G, प्रगटावस्रैं K.
63 ते-तेह J. घोडा-घोटांनई E, घोडां J. गंगोदकि-गंगोदकिं B, गंगोदकिं तणां E, गंगादकह K. स्नान-
स्नान्न D E J. कराव्या-कराव्या E.
64 तेह-तह K तणि-नि A, तणे D E G K. सिरि em-भले A, ... D E G K, शिरि C, सरि D,
शरि J. श्रीकमलि-निरम कमलि करीनइ A, कमल C D J, श्रीममल G, थीकमले K. पूजा कीधी-
पूजाय्याँ J.
65 तणी-तणि B J, तणे D, घोडा तणी G. पूठि-पूंठि B, पुंठि C, पूठे D, पूंठि E, पूठद्द K. बावना-
वावना A, बावनना B, बावन E J, बार्वना C. तणा-ना B, ... D. दीधा-निह्या E, निहा G.
66 तणी-घेटा तणै D पूठि-पूंठि B D, पुंठि C, पूंठि E, पूठइ K. पंचवर्ण-पंचवरण G. पापर-पापण C,
पापरि K. ढाली-डली A, घाली D, पछी C, घाली K. J reads as 66 : क्मी पातणी जटित
विचित्राई कीधी ।
67 किसी किसी-किसी २ A E, किची २ ते B, ते कसी २ C, कसी २ D G, रिसी ते J, रिछी किछी K.
पापर-...G
68 A transp. 68, 69. रणपपर-रणपप्पर B, रणरंपर A C D E J,...K.