दोहावली (गोस्वामी तुलसीदास - गीताप्रेस सम्पूर्ण ५७३ दोहे सान्वय सटीक)

दोहावली (गोस्वामी तुलसीदास - गीताप्रेस सम्पूर्ण ५७३ दोहे सान्वय सटीक)
Dohavali of Goswami Tulsidas with Gita Press Commentary
गोस्वामी तुलसीदास द्वारा
DevanagariHindipublished196 पृष्ठ
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गोस्वामी, एम० ए०, शास्त्रीने टीकाको आदिसे अन्ततक देखा है
तथा यथास्थान सुधारा और सँवारा है। उनके साथ मेरा प्रेमका
सम्बन्ध है, अतएव उनके प्रति कृतज्ञता-ज्ञापन स्वयं मेरी ही दृष्टिमें
अक्षम्य है।
इस टीकामें जो कुछ त्रुटि या दोष दीख पड़ें, विज्ञ पाठक-
पाठिकाएँ कृपापूर्वक मुझे सूचित कर दें तो अगले संस्करणमें सुधारा
जा सकता है। संत, विद्वान् और महात्मागण मेरी इस धृष्टताके
लिये क्षमा प्रदान करें।
विनीत
अनुवादक