भावप्रकाश निघण्टु (हरिताक्यादि वर्ग - हिन्दी व्याख्या सहित)

भावप्रकाश निघण्टु (हरिताक्यादि वर्ग - हिन्दी व्याख्या सहित)
Bhavaprakasha Nighantu with Hindi Commentary
भावमिश्र द्वारा
स्रोत: चौखम्बा भारती अकादमी · चौखम्बा भारती अकादमी (उद्गम)
DevanagariSanskritpublished143 पृष्ठ
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॥ श्रीः ॥
वि० आ० ग्रन्थमाला
२८
श्रीमद्भावमिश्रप्रणीतः
भावप्रकाशनिघण्टुः
सविमर्श-हिन्दीव्याख्योपेतः
( संशोधित परिवर्धित संस्करण )
विमर्शकार
डॉ० कृष्णचन्द्र चुनेकर, ए.एम.एस.
भूतपूर्व प्राध्यापक : द्रव्यगुण विभाग, चिकित्सा विज्ञान संस्थान,
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय, वाराणसी
सम्पादक
डॉ० गंगासहाय पाण्डेय, ए.एम.एस.
भूतपूर्व प्राध्यापक : आयुर्वेद विभाग, चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय,
तथा चिकित्सक : सरसुन्दरलाल आतुरालय,
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय, वाराणसी
चौखम्भा भारती अकादमी
आकर ग्रन्थों के प्रकाशक एवं वितरक
गोकुल भवन, के. ३७/१०९, गोपाल मन्दिर लेन
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वाराणसी २२१००१ (भारत)