Skip to content
SarvaKosh
अथर्ववेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

अथर्ववेद संहिता (सरल हिन्दी भावार्थ सहित)

Atharvaveda Samhita with Hindi Translation

by डा. गंगा सहाय शर्मा

Source: संस्कृत साहित्य प्रकाशन · संस्कृत साहित्य प्रकाशन (origin)

DevanagariSanskritpublished1,063 pages

Page 874 of 1063

Read in context
Page 874

हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं को तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र करने वालों को रोक दो. मेरे
प्रति दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों तथा मुझ से द्वेष करने वालों को रोक दो. (३)
मृण दर्भ सपत्नान् मे मृण मे पृतनायतः.
मृण मे सर्वान् दुर्हार्दो मृण मे द्विषतो मणे.. (४)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं की तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र करने वालों की हिंसा करो. मेरे
प्रति दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों की तथा मुझ से द्वेष करने वालों की हिंसा करो. (४)
मन्थ दर्भ सपत्नान् मे मन्थ मे पृतनायतः.
मन्थ मे सर्वान् दुर्हार्दो मन्थ मे द्विषतो मणे.. (५)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र वालों को मथ दो. मेरे प्रति दुर्भावना
रखने वाले सभी व्यक्तियों को तथा मुझ से द्वेष रखने वालों को मथ दो. (५)
पिण्ड्ढि दर्भ सपत्नान् मे पिण्ड्ढि मे पृतनायतः.
पिण्ड्ढि मे सर्वान् दुर्हार्दः पिण्ड्ढि मे द्विषतो मणे.. (६)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं का तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र करने वालों का चूर्ण बना दो.
मेरे प्रति दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों को तथा मुझ से द्वेष रखने वालों का चूर्ण बना
दो. (६)
ओष दर्भ सपत्नान् मे ओष मे पृतनायतः.
ओष मे सर्वान् दुर्हार्द ओष मे द्विषतो मणे.. (७)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं को तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र करने वालों को जला दो. मेरे
प्रति दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों को तथा मुझ से द्वेष करने वालों को जला दो. (७)
दह दर्भ सपत्नान् मे दह मे पृतनायतः.
दह मे सर्वान् दुर्हार्दो दह मे द्विषतो मणे.. (८)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं को तथा मेरे प्रति सेना एकत्र करने वालों को जला दो. मेरे प्रति
दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों को तथा मुझ से द्वेष रखने वालों को जला दो. (८)
जहि दर्भ सपत्नान् मे जहि मे पृतनायतः.
जहि मे सर्वान् दुर्हार्दो जहि मे द्विषतो मणे.. (९)
हे दर्भमणि! मेरे शत्रुओं को तथा मेरे विरुद्ध सेना एकत्र करने वालों को मारो. तुम मेरे
प्रति दुर्भावना रखने वाले सभी व्यक्तियों को तथा मुझ से द्वेष करने वालों को मारो. (९)
ebook converter DEMO Watermarks*