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रसरत्नसमुच्चय (सुरत्नोज्ज्वला हिन्दी व्याख्या सहित)

रसरत्नसमुच्चय (सुरत्नोज्ज्वला हिन्दी व्याख्या सहित)

Rasaratna Samuchchaya Hindi

by रस-वाग्भटाचार्य (टीकाकार: पं. अम्बिकादत्त शास्त्री)

Source: Rasaratna Samuchchaya with Suratnojjvala Hindi Commentary by Pt. Ambika Datta Shastri (1939) (origin)

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DevanagariHindipublished362 pages

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प्रथमोऽध्यायः । ५७

सोनोमा ( Sonoma ) ज़िलेमें १८७३ से १९१९ ई० तक ६९०६३ फ्लास्क पारद निकाला गया । जिस में ग्रेट ईस्टर्न और माउन्ट जेक्सन नामक खानों से १८७५ से १९१७ तक ४२०९२ फ्लास्क पारद की निकासी हुई । यहां पर भी हिंगुल रौप्य माक्षिक के साथ में पाया जाता है । इसी ज़िले में रैटल स्नेक ( Rattle snake ) खान में प्राकृतिक पारद ( Native Mercury ) काली मिट्टी की शक्ल में जमा हुआ मिलता है । इसके साथ स्नेहयुक्तशिलाजतु ( oily Bitumen ) भी मिला पाया जाता है ।

सोक्रेट की खान ( Socrate's Mine ) में भी प्राकृतिक पारद पाया जाता है । नीचे की गहराई में हिंगुल भी मिलता है । सन् १९१८ में यहां से कुछ पारद की निकासी की गई किन्तु १९१९ में काम बन्द रहा ।

ट्रिनिटि ( Trinity ) ज़िले में १८७५ से १९१७ तक ३११६६ फ्लास्क पारद उत्पन्न हुआ इसमें से केस्टेला ( Castella ) के पास की अल्टूना ( Altoona ) खान से २९००० फ्लास्क पारद निकला, शेष अन्यत्र से निकला । यहां पर जो हिंगुल मिलता है उसका क्षेत्रफल ४०० फुट लम्बा और ४ से २० फुट चौड़ा है । येलो ( Vellow ) ज़िले में रीड ( Reed ) नामक खान में कृष्ण हिंगुल ही मुख्य खनिज रौप्यमाक्षिक के साथ पाया जाता है । यहां की खान ३०० फुट गहरी है ।

इडाहो ( Idaho )

वेली ( Velly ) ज़िले में १ मील लम्बी चौड़ी भूमि में हिंगुल रौप्यमाक्षिक के साथ मिला पाया जाता है । यहां की फन नामक खान से १९१७ में ५ फ्लास्क और १९१८ में २२ फ्लास्क पारद की निकासी हुई ।

निवाडा ( Nevada )

इस स्टेट में बहुत सी जगह फैला हुआ हिंगुल पाया जाता है । पिलोर नामक पहाड़ के उत्तर पूरब दो मील की दूरी पर और मीना स्थान से दक्षिण पूरब आठ मील की दूरी पर एक पहाड़ है उसमें हिंगुल अधिकता से मिलता है । इस लिए उसका नाम हिंगुल पर्वत ( Cinnabar Mountain ) रख दिया गया है । क्या हमारे देश में आसाम की हिंगुलाज देवी का इसी कारण से तो नाम नहीं स्थिर हुआ है ?, प्रति वर्ष हजारों यात्री वहां पर दर्शन करने जाते हैं । सन् १९१० से १९१९ तक निवाडा से १३७४६ फ्लास्क पारद निकाला गया है किन्तु १९१९ से यहां का कार्य शिथिल हो गया है और १९२० में ७९ फ्लास्क ही पारद निकाला गया । सन् १९२१ में १०० फ्लास्क पारद की निकासी हुई ।

ओरेगन ( Oregon )

इस राज्य में हिंगुल सर्वत्र पाया जाता है किन्तु पारद के निकालने की खानें