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धम्मपद (पालि मूल, संस्कृत छाया एवं हिन्दी अनुवाद)

धम्मपद (पालि मूल, संस्कृत छाया एवं हिन्दी अनुवाद)

Dhammapada with Pali Original & Hindi Translation

by महापण्डित राहुल सांकृत्यायन

DevanagariHindipublished213 pages

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शब्द-सूची
अकिञ्चन—राग, द्वेष और मोहसे रहित ।
अनुसय (=अनुशय)—कामराग (=भोगतृष्णा), प्रतिघ (=प्रति-
हिंसा), दृष्टि (=उल्टी धारणा), विचिकित्सा (=सन्देह),
मान (=अभिमान), भवराग, (=संसारमें जन्मनेकी तृष्णा),
अविद्या ।
अरिय (=आर्य)—स्रोतआपन्न, सकृदागामी, अनागामी, अर्हत्
(=मुक्त) ।
आभस्सर (=आभास्वर)—रूपलोक (=जहाँके प्राणियोका शरीर
प्रकाशमय है) की एक देवजाति ।
आयतन—आँख, कान, नाक, जीभ, काया (=त्वक्) और मन ।
आसवू (=आस्रव मल),—कामास्रव (=भोगसंबधी मल), भवास्रव
(=भिन्न भिन्न लोकोंमें जन्म लेनेका कारणरूपी मल),
दृष्ट्यास्रव (=उल्टी धारणा रूपी मल), अविद्यास्रव ।
उपधि (=उपाधि)—स्कन्ध, काम, क्लेश और कर्म ।
खन्ध (=स्कन्ध)—रूप (=परिमाण और तोल रखनेवाला तत्त्व),
वेदना, संज्ञा, संस्कार, (वेदना आदि तीन, रूप और
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