Skip to content
SarvaKosh
ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

ब्राह्मस्फुटसिद्धान्त (ब्रह्मगुप्त - शून्य, कुट्टक, बीजगणित एवं सम्पूर्ण २१ अध्याय सान्वय सटीक)

Brahmasphuta Siddhanta of Brahmagupta with Commentary

by आचार्य ब्रह्मगुप्त

Report a copyright issue

DevanagariHindipublished737 pages

Page 491 of 737

Read in context
Page 491

( १०५ )
अन्तरयोगो¹ तुल्यान्यदिशोर्विक्षेपयोर्ग्रहांतरकं ।
आर्यभटादिष्ट्रे²वं समलिप्तिकयोर्यु तिर्ग्रहयोः ॥ १० ॥
चित्रास्वातिवदुदये¹ऽन्यथान्यथास्ते तथायुतौ² ग्रहयोः ।
न भवति दृग्गणितैक्यं यथा तदैक्यं तदुक्तिरतः³ ॥ ११ ॥
ग्रहयोः¹ स्वोदयलग्ने सम²लिप्तिकयोस्तदस्तलग्ने च³ ।
उदये⁴ स्वोदयलग्ने स्वषड्गृह⁵ स्वास्तलग्नसमे⁶ ॥ १२ ॥
कृत्वैवं⁴ दिनघटिकाः ग्रहयोः स्वोदयविलग्नयोरूनं⁵ ।
अ¹नस्यास्तविलग्नादेष्यताधिकं² युतिरविता³ ॥ १३ ॥

१०. (घ) २. आर्यभटादिष्वेवं (च) for (आर्यभटादिष्ट्रेवं)
(ग) १. अंतरयोगौ for (अन्तरयोगो)
(च) १. योगौ for (योगो)
(क) १. योगौ for (योगो) २. ष्वेवं for (ष्ट्रेवं)
११. (ग) ३. तदुक्तितरः for (तदुक्तिरतः)
(क) १. दयो for (दये) २. युतिः for (युतौ)
१२. (घ) ४. उदयैः (ग) for (उदये)
(ग) ५. सषड्गृहे for (स्वषड्गृह)
६. स्वास्तमयलग्ने for (स्वास्तलग्नसमे)
(च) ७. ग्रहयो for (ग्रहयोः) ४ उदयैः for (उदये)
(क) १. +स्फुट ग्रह युति संसाधानाय सम+ २. समा for (सम)
३. लग्नं for (लग्ने) ४. उदयैः for (उदये) ५. स for (स्व)
६. समो for (समे)
१३. (घ) १. ऊनस्वास्त (ग) ऊनं स्वास्त for (अनस्यास्त)
.२. देष्यत्यधिकं (ग) दिष्यत्यधिकं for (देष्यतधिकं)
३. युतिरवीता (ग) युतिरतीता for (युतिरविता)
(ग) ४. कृत्वैवं for (कृत्वेवं)
५. लिलग्नयोरूनम् for (विलग्नयोरूनं)
(च) ऊनस्वास्त for (अनस्यास्त)
३. रवीता for (रविता)
(क) १. ऊनस्वास्त for (अनस्यास्त) २. त्यधिक for (तधिकं)
३. रतीता for (रविता)